क्या आप अक्सर अपच, गैस, पेट फूलना या शरीर में सूजन की समस्या से जूझते हैं?
तो इसका संबंध आपके ग्रहों से भी हो सकता है।
ज्योतिष में:
- गुरु (बृहस्पति) यकृत (liver) और पाचन से जुड़ा है। अगर ये कमजोर या छठे, आठवें या बारहवें भाव में हो, तो धीमा पाचन, सूजन और मोटापा हो सकता है।
- चंद्रमा शरीर के तरल पदार्थ नियंत्रित करता है। अगर चंद्रमा नीच का या राहु/केतु से ग्रस्त हो, तो शरीर में पानी की अधिकता, सूजन, या भावनात्मक खाने की आदत बन सकती है।
- बुध आंतों का कारक है। अगर ये अशुभ हो, तो एसिडिटी, अपच, या बार-बार गैस की समस्या हो सकती है।
✅ पाचन और सूजन के ज्योतिषीय उपाय:
- गुरुवार को “ॐ गुरवे नमः” मंत्र का जाप करें।
- सोमवार को हल्का उपवास करें (ज्यादा तरल पदार्थ लें)।
- खाना खाते समय चिंता से बचें—बुध दिमागी तनाव में पाचन बिगाड़ता है।
- रोज सुबह धनिया या सौंफ का पानी पिएं।
- रातभर तांबे के बर्तन में पानी भरें और सुबह पिएं।
जब ग्रह संतुलित होंगे, तब पेट भी शांत रहेगा।