देवउठनी एकादशी 2026 कब है?

2026 में देवउठनी एकादशी शुक्रवार, 20 नवंबर को है। नोएडा में एकादशी तिथि 20 नवंबर, 07:16 से 21 नवंबर, 06:32 तक रहेगी। पारण 21 नवंबर को 13:09 से 15:17 तक है।

देवउठनी एकादशी कोई तय अंग्रेज़ी तारीख नहीं है। यह अमांत गणना में कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि है। बारह चंद्र मास सौर वर्ष से लगभग ग्यारह दिन छोटे होते हैं, इसलिए इसकी अंग्रेज़ी तारीख हर साल लगभग एक महीने के दायरे में खिसकती है।

इस पेज का हर समय नोएडा के लिए निकाला गया है।

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नीचे की पूरी गणना आपके चुने शहर के लिए दोबारा होती है। यह सिर्फ़ घड़ी का फ़र्क नहीं: चंद्रोदय या प्रदोष से तय होने वाला पर्व दो शहरों में सचमुच अलग दिन पड़ सकता है, और भारत के पूर्व और पश्चिम में चाँद निकलने का समय एक घंटे से भी ज़्यादा बदल जाता है।

देवउठनी एकादशी 2026: तारीख और तिथि का समय

शुक्रवार, 20 नवंबर 2026

तिथि
एकादशी, शुक्ल पक्ष
हिंदू मास
कार्तिक
तिथि आरंभ
20 नवंबर, 07:16
तिथि समाप्त
21 नवंबर, 06:32
दिन का निर्णय
सूर्योदय
नोएडा में सूर्योदय
20 नवंबर, 06:46

इस बार तिथि क्षय है। एकादशी तिथि एक निर्णायक क्षण के बाद शुरू होकर अगले से पहले ख़त्म हो जाती है, यानी किसी को नहीं छूती, और सामान्य नियम दिन नहीं चुन पाता। पर्व रद्द नहीं होता: वह उस दिन मनाया जाता है जिस दिन यह तिथि चलती है, जो ऊपर की तारीख है। यह बताना ज़रूरी है — सिर्फ़ तारीख छापने का मतलब होता कि वह नियम लागू हुआ जो इस साल लागू नहीं हुआ।

ऊपर के दोनों क्षण — तिथि का आरंभ और समाप्ति — खगोल हैं और उन पर कोई विवाद नहीं। दिन उनकी व्याख्या है: देवउठनी एकादशी का निर्णय सूर्योदय के समय चल रही तिथि से होता है, इसलिए यह उस दिन का पर्व है जिसके सूर्योदय पर तिथि हो — सिर्फ़ उस दिन का नहीं जिस दिन तिथि शुरू हुई।

देवउठनी एकादशी 2026 शुभ मुहूर्त

देवउठनी एकादशी का निर्णय सूर्योदय पर होता है, जो एक क्षण है, अवधि नहीं — इसलिए तिथि से मेल करने के लिए कोई अलग खिड़की नहीं बनती। दिन के सामान्य शुभ समय नीचे दिए हैं; जहाँ पर्व का अपना मुहूर्त नहीं होता, वहाँ प्रायः अभिजित मुहूर्त लिया जाता है।

उस दिन के शुभ समय

मुहूर्तनोएडा में समयप्रकृति
अभिजित मुहूर्त 11:44 से 12:27 शुभ
अमृत काल 02:04 से 03:39 सर्वाधिक शुभ
ब्रह्म मुहूर्त 04:59 से 05:53 शुभ

जिन समयों में नए काम टाले जाते हैं

मुहूर्त शास्त्र इन अवधियों को नई शुरुआत के लिए छोड़ता है। यह परंपरा का वर्णन है, चेतावनी नहीं: पर्व अपने दिन मनाया ही जाता है, और इसके लिए कुछ ख़रीदने, सुधारने या उपाय करने की ज़रूरत नहीं।

अवधिनोएडा में समय
राहु काल 10:46 से 12:05
यमगण्ड काल 14:45 से 16:05
दुर्मुहूर्त (पहला) 08:54 से 09:36
दुर्मुहूर्त (दूसरा) 12:27 से 13:09
वर्ज्यम् 16:30 से 18:06

ऊपर का हर समय नोएडा के लिए शुक्रवार, 20 नवंबर 2026 के सूर्योदय, सूर्यास्त और अगले सूर्योदय से निकाला गया है। हिंदू दिन सूर्योदय से सूर्योदय तक चलता है, इसलिए आधी रात के बाद पड़ने वाली अवधि भी इसी तारीख की मानी जाती है।

देवउठनी एकादशी 2026 पारण का समय

शनिवार, 21 नवंबर 2026, 13:09 से 15:17

पारण द्वादशी को होता है, और हरि वासर — द्वादशी का पहला चौथाई भाग, जो इस बार 21 नवंबर, 12:08 पर समाप्त होता है — में व्रत नहीं खोला जाता। इस बार हरि वासर (द्वादशी का पहला चौथाई भाग) पूरे प्रातःकाल तक चलता है। हरि वासर में व्रत नहीं खोला जाता, और ऐसी स्थिति में परंपरा मध्याह्न बीतने तक रुकने को कहती है — इसलिए पारण अपराह्न में है।

व्रत के बारे में यहाँ दी गई बातें परंपरा का वर्णन हैं, चिकित्सा सलाह नहीं। गर्भावस्था, मधुमेह, बढ़ती उम्र या दवाइयों की स्थिति में व्रत से पहले डॉक्टर से सलाह लें।

आने वाले वर्षों में देवउठनी एकादशी की तारीख

इस साल और उसके बाद के दो साल। हर पंक्ति नोएडा के लिए उसी गणना से निकली है, किसी सूची से नहीं ली गई।

वर्षतारीखस्थिति
2026 शुक्रवार, 20 नवंबर 2026 आने वाली
2027 बुधवार, 10 नवंबर 2027 आने वाली
2028 शनिवार, 28 अक्तूबर 2028 आने वाली

पंचांगों में देवउठनी एकादशी की तारीख अलग क्यों होती है

दो पंचांग देवउठनी एकादशी की तारीख में एक दिन का अंतर दिखाएँ, तो ज़रूरी नहीं कि उनमें से एक ग़लत हो। लगभग सारा अंतर चार कारणों से आता है।

  1. तिथि सूर्योदय पर शुरू नहीं होती। तिथि औसतन 23 घंटे 37 मिनट की होती है, इसलिए वह कभी दो दिनों के निर्णायक क्षण को छूती है और कभी किसी को नहीं। ऐसे में अलग नियम अलग दिन चुनते हैं।
  2. महीने की गणना। उत्तर भारत में पूर्णिमांत और दक्षिण व पश्चिम भारत में अमांत पद्धति चलती है। कृष्ण पक्ष का वही पखवाड़ा दोनों में अलग महीने के नाम से जाना जाता है, इसलिए "अमुक मास की कृष्ण तिथि" वाला पर्व एक महीने के अंतर पर भी पढ़ा जा सकता है।
  3. दिन कौन-सा क्षण तय करता है। अधिकतर व्रत उस दिन के होते हैं जिसके सूर्योदय पर तिथि हो, पर सब नहीं: देवउठनी एकादशी का निर्णय सूर्योदय से होता है। जो पंचांग हर पर्व पर सूर्योदय का नियम लगाते हैं, वे कई पर्वों को एक दिन खिसका देते हैं।
  4. शहर। सूर्योदय, सूर्यास्त और चंद्रोदय हर शहर में अलग होते हैं — भारत के भीतर एक घंटे से भी ज़्यादा। दिल्ली के लिए निकाली गई तारीख किसी दूसरे शहर में एक दिन आगे-पीछे हो सकती है।

इसीलिए यह पेज अपनी गणना दिखाता है। अगर आपके पंडित या घर के पंचांग में दूसरा दिन लिखा है, तो ऊपर दिए तिथि के क्षण आम तौर पर बता देंगे कि क्यों — और बिना कारण बताए दी गई तारीख से यह ज़्यादा काम का है।

आगे आने वाले त्योहार

देवउठनी एकादशी से जुड़े सामान्य प्रश्न

2026 में देवउठनी एकादशी कब है?

2026 में देवउठनी एकादशी शुक्रवार, 20 नवंबर को है। नोएडा में एकादशी तिथि 20 नवंबर, 07:16 से 21 नवंबर, 06:32 तक रहेगी। पारण 21 नवंबर को 13:09 से 15:17 तक है।

देवउठनी एकादशी की तिथि क्या है?

कार्तिक मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि। नोएडा में यह तिथि 20 नवंबर, 07:16 से 21 नवंबर, 06:32 तक है, और देवउठनी एकादशी का दिन सूर्योदय के समय चल रही तिथि से तय होता है।

इस बार तिथि को क्षय क्यों बताया गया है?

एकादशी तिथि इस बार एक निर्णायक क्षण के बाद शुरू होकर अगले से पहले ख़त्म हो जाती है, यानी किसी को नहीं छूती — यह क्षय तिथि है। पर्व रद्द नहीं होता: वह उसी दिन मनाया जाता है जिस दिन तिथि चलती है, जो ऊपर दी गई तारीख है।

देवउठनी एकादशी का पारण कब करें?

शनिवार, 21 नवंबर 2026 को 13:09 से 15:17 तक। इस बार हरि वासर (द्वादशी का पहला चौथाई भाग) पूरे प्रातःकाल तक चलता है। हरि वासर में व्रत नहीं खोला जाता, और ऐसी स्थिति में परंपरा मध्याह्न बीतने तक रुकने को कहती है — इसलिए पारण अपराह्न में है।

दूसरे कैलेंडर में देवउठनी एकादशी की तारीख अलग क्यों है?

मुख्य रूप से चार कारणों से। तिथि निर्णायक क्षण पर दो दिन चल सकती है या किसी दिन नहीं; उत्तर भारत पूर्णिमांत और दक्षिण व पश्चिम भारत अमांत महीने मानता है, जिससे कृष्ण पक्ष का नाम बदल जाता है; पंचांग इस पर भी अलग हैं कि दिन का कौन-सा क्षण पर्व तय करता है; और सूर्योदय व चंद्रोदय हर शहर में अलग होते हैं। ऊपर दिए तिथि के क्षण खगोल हैं; दिन उनकी व्याख्या है।

अगले साल देवउठनी एकादशी कब है?

2027 में बुधवार, 10 नवंबर; 2028 में शनिवार, 28 अक्तूबर।