दिसंबर 2027 में मुंडन मुहूर्त

दिसंबर 2027 में कोई मुंडन मुहूर्त नहीं है। मार्गशीर्ष मास (28 नवंबर 2027 से 28 दिसंबर 2027) मुंडन के लिए वर्जित है और पौष मास (28 दिसंबर 2027 से 26 जनवरी 2028) मुंडन के लिए वर्जित है।

  • जयपुर के लिए सूर्य और चंद्रमा की स्थिति से गणना — किसी छपी सूची से नकल नहीं।
  • हर मुहूर्त के साथ वह नक्षत्र, तिथि, वार और मास दिया है जिन पर वह शुद्ध निकला, और हर वर्जित मास का आरंभ और अंत भी।

दिसंबर 2027 मुंडन मुहूर्त की तारीखें और समय

मार्गशीर्ष मास (28 नवंबर 2027 से 28 दिसंबर 2027) मुंडन के लिए वर्जित है और पौष मास (28 दिसंबर 2027 से 26 जनवरी 2028) मुंडन के लिए वर्जित है।

दिसंबर 2027 में वर्जित अवधि

  • मार्गशीर्ष मास (28 नवंबर 2027 से 28 दिसंबर 2027) मुंडन के लिए वर्जित है
  • पौष मास (28 दिसंबर 2027 से 26 जनवरी 2028) मुंडन के लिए वर्जित है

मुंडन मुहूर्त के नियम

  • ये नियम कहाँ से: मुहूर्त ग्रंथों के चूड़ाकरण नियम, जिस रूप में सबसे बड़ी गणना-आधारित मुंडन सूची उन्हें लागू करती है। 2026 और 2027 के लिए नई दिल्ली की वह सूची जाँची गई — उसकी हर तारीख इस पेज पर है।
  • मास: चैत्र, वैशाख, ज्येष्ठ, आषाढ़, माघ और फाल्गुन — अमावस्या से अमावस्या तक गिने (अमांत)। आषाढ़ केवल देवशयनी एकादशी आरंभ होने (13 जुलाई 2027, 12:09) तक, जब चातुर्मास शुरू होता है। श्रावण, भाद्रपद, आश्विन, कार्तिक, मार्गशीर्ष और पौष वर्जित हैं, और कोई भी अधिक मास भी।
  • वार: सोमवार, बुधवार, गुरुवार या शुक्रवार (वैदिक वार, जो सूर्योदय से बदलता है)। मंगलवार, शनिवार या रविवार कभी नहीं।
  • नक्षत्र: चंद्रमा इन 10 में से किसी में हो — अश्विनी, मृगशिरा, पुनर्वसु, पुष्य, चित्रा, स्वाति, ज्येष्ठा, श्रवण, धनिष्ठा और शतभिषा।
  • तिथि: किसी भी पक्ष की द्वितीया, तृतीया, पंचमी, सप्तमी, दशमी, एकादशी, त्रयोदशी, और पूर्णिमा। प्रतिपदा, चतुर्थी, षष्ठी, अष्टमी, नवमी, द्वादशी, चतुर्दशी या अमावस्या नहीं।
  • अधिक मास वर्जित: 2027 में कोई अधिक मास नहीं है।
  • उम्र — मार्गदर्शन, गणना नहीं: कई परिवार पहला मुंडन बच्चे के विषम वर्ष में करते हैं (पहले, तीसरे या पाँचवें), और कई अपनी कुल या मंदिर की परंपरा मानते हैं। वर्ष परंपरा से तय करें; दिन यह सूची बताती है।
  • ज्येष्ठ: मान्य है, पर बड़ी संतान के लिए कई परिवार इसे टालते हैं, इसलिए ज्येष्ठ की पंक्तियाँ चिह्नित हैं। कुछ परिवार कन्या के मुंडन में शुक्रवार भी टालते हैं।
  • खरमास और अस्त: जिस गणना-आधारित मुंडन सूची से यह पेज जाँचा गया, उसमें दोनों में से कोई नियम नहीं, इसलिए इनसे यहाँ कोई तारीख नहीं हटती। खरमास (16 दिसंबर 2026 – 14 जनवरी 2027, 15 मार्च 2027 – 14 अप्रैल 2027 और 16 दिसंबर 2027 – 15 जनवरी 2028) की तारीखें चिह्नित हैं, क्योंकि कई परिवार इसके बीतने तक रुकते हैं।
  • दिन: सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक, जयपुर के अनुसार। जिस दिन को कोई वर्जित अवधि ज़रा भी छूती है, वह पूरा दिन छोड़ दिया जाता है; बाकी दिनों में मुहूर्त वह समय है जब ऊपर की सारी शर्तें एक साथ पूरी हों, और कम से कम 20 मिनट चले।
  • जो यहाँ नहीं जाँचा गया: बच्चे की अपनी कुंडली — जन्म नक्षत्र से चंद्र बल और तारा बल — और लग्न। ये पंडित बच्चे के जन्म विवरण से जाँचते हैं।

मुंडन मुहूर्त 2027 — पूरे नियम और साल भर की सूची

महीनेवार मुंडन मुहूर्त 2027

दूसरे शहर का मुहूर्त

दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक गिना जाता है, और भारत में सूर्योदय एक घंटे से भी अधिक अंतर रखता है — इसलिए भोर के पास का मुहूर्त दूसरे शहर में अलग तारीख का हो सकता है, और हर समय बदल जाता है।

ये लिंक आपके चुने शहर के लिए सूची फिर से निकालते हैं। ये इसी पेज के रूप हैं: हर एक ऊपर के पते पर canonical रखता है और खोज इंजनों से इसे अनुक्रमित न करने को कहता है।

सामान्य प्रश्न

क्या दिसंबर 2027 में मुंडन मुहूर्त है?

नहीं। मार्गशीर्ष मास (28 नवंबर 2027 से 28 दिसंबर 2027) मुंडन के लिए वर्जित है और पौष मास (28 दिसंबर 2027 से 26 जनवरी 2028) मुंडन के लिए वर्जित है।

दिसंबर 2027 के बाद अगला मुंडन मुहूर्त कब है?

2027 में इसके बाद कोई नहीं।

दिसंबर 2027 से पहले अंतिम मुंडन मुहूर्त कब था?

सोमवार, 12 जुलाई 2027 को।