अक्तूबर 2026 में नामकरण मुहूर्त

अक्तूबर 2026 में नामकरण के 18 शुभ मुहूर्त हैं: 1, 2, 4, 5, 8, 11, 12, 14, 18, 19, 21, 22, 23, 25, 26, 28, 29 और 30 अक्तूबर। पहला मुहूर्त गुरुवार, 1 अक्तूबर 2026 को 06:02 – 05:28 (2 अक्तूबर) है।

  • कोलकाता के लिए सूर्य और चंद्रमा की स्थिति से गणना — किसी छपी सूची से नकल नहीं।
  • हर मुहूर्त के साथ वह नक्षत्र, तिथि और वार दिया है जिन पर वह शुद्ध निकला।

अक्तूबर 2026 नामकरण मुहूर्त की तारीखें और समय

तारीखमुहूर्तनक्षत्रतिथिक्यों शुभ है
गुरुवार, 1 अक्तूबर 202606:02 – 05:28 (2 अक्तूबर)रोहिणी, मृगशिराकृष्ण पंचमी (30 सितंबर, 14:55 – 1 अक्तूबर, 12:35)
कृष्ण षष्ठी (1 अक्तूबर, 12:35 – 2 अक्तूबर, 10:15)
नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, गुरुवार
शुक्रवार, 2 अक्तूबर 202605:28 – 02:55 (3 अक्तूबर)मृगशिराकृष्ण षष्ठी (1 अक्तूबर, 12:35 – 2 अक्तूबर, 10:15)
कृष्ण सप्तमी (2 अक्तूबर, 10:15 – 3 अक्तूबर, 08:00)
नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, शुक्रवार
रविवार, 4 अक्तूबर 202603:54 – 05:29 (5 अक्तूबर)पुष्यकृष्ण दशमी (5 अक्तूबर, 03:54 – 6 अक्तूबर, 02:08)नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, रविवार
सोमवार, 5 अक्तूबर 202605:29 – 23:09पुष्यकृष्ण दशमी (5 अक्तूबर, 03:54 – 6 अक्तूबर, 02:08)नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, सोमवार
गुरुवार, 8 अक्तूबर 202621:20 – 22:16उत्तरा फाल्गुनीकृष्ण त्रयोदशी (7 अक्तूबर, 23:17 – 8 अक्तूबर, 22:16)नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, गुरुवार
रविवार, 11 अक्तूबर 202605:31 – 05:31 (12 अक्तूबर)चित्रा, स्वातिशुक्ल प्रतिपदा (10 अक्तूबर, 21:20 – 11 अक्तूबर, 21:31)
शुक्ल द्वितीया (11 अक्तूबर, 21:31 – 12 अक्तूबर, 22:13)
नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, रविवार
सोमवार, 12 अक्तूबर 202605:31 – 23:52स्वातिशुक्ल द्वितीया (11 अक्तूबर, 21:31 – 12 अक्तूबर, 22:13)
शुक्ल तृतीया (12 अक्तूबर, 22:13 – 13 अक्तूबर, 23:28)
नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, सोमवार
बुधवार, 14 अक्तूबर 202601:13 – 04:03 (15 अक्तूबर)अनुराधाशुक्ल पंचमी (15 अक्तूबर, 01:13 – 16 अक्तूबर, 03:25)नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, बुधवार
रविवार, 18 अक्तूबर 202612:49 – 05:34 (19 अक्तूबर)उत्तराषाढ़ाशुक्ल अष्टमी (18 अक्तूबर, 08:28 – 19 अक्तूबर, 10:52)नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, रविवार
सोमवार, 19 अक्तूबर 202605:34 – 10:52उत्तराषाढ़ाशुक्ल अष्टमी (18 अक्तूबर, 08:28 – 19 अक्तूबर, 10:52)नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, सोमवार
बुधवार, 21 अक्तूबर 202619:48 – 05:35 (22 अक्तूबर)शतभिषाशुक्ल एकादशी (21 अक्तूबर, 14:12 – 22 अक्तूबर, 14:48)नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, बुधवार
गुरुवार, 22 अक्तूबर 202605:35 – 20:49शतभिषाशुक्ल एकादशी (21 अक्तूबर, 14:12 – 22 अक्तूबर, 14:48)
शुक्ल द्वादशी (22 अक्तूबर, 14:48 – 23 अक्तूबर, 14:36)
नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, गुरुवार
शुक्रवार, 23 अक्तूबर 202621:03 – 05:36 (24 अक्तूबर)उत्तर भाद्रपदाशुक्ल त्रयोदशी (23 अक्तूबर, 14:36 – 24 अक्तूबर, 13:37)नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, शुक्रवार
रविवार, 25 अक्तूबर 202611:56 – 05:37 (26 अक्तूबर)रेवती, अश्विनीपूर्णिमा (25 अक्तूबर, 11:56 – 26 अक्तूबर, 09:41)नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, रविवार
सोमवार, 26 अक्तूबर 202605:37 – 17:41अश्विनीपूर्णिमा (25 अक्तूबर, 11:56 – 26 अक्तूबर, 09:41)
कृष्ण प्रतिपदा (26 अक्तूबर, 09:41 – 27 अक्तूबर, 07:02)
नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, सोमवार
बुधवार, 28 अक्तूबर 202613:26 – 01:07 (29 अक्तूबर)रोहिणीकृष्ण तृतीया (28 अक्तूबर, 04:07 – 29 अक्तूबर, 01:07)नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, बुधवार
गुरुवार, 29 अक्तूबर 202622:10 – 05:39 (30 अक्तूबर)मृगशिराकृष्ण पंचमी (29 अक्तूबर, 22:10 – 30 अक्तूबर, 19:25)नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, गुरुवार
शुक्रवार, 30 अक्तूबर 202605:39 – 09:04मृगशिराकृष्ण पंचमी (29 अक्तूबर, 22:10 – 30 अक्तूबर, 19:25)नामकरण का नक्षत्र, रिक्ता तिथि नहीं, शुक्रवार

नामकरण मुहूर्त के नियम

  • ये नियम कहाँ से: नामकरण के नियम, जिस रूप में सबसे बड़ी गणना-आधारित नामकरण सूची उन्हें लागू करती है। 2026 और 2027 के लिए नई दिल्ली की वह सूची जाँची गई — उसकी हर तारीख इस पेज पर है।
  • वार: सोमवार, बुधवार, गुरुवार, शुक्रवार या रविवार (वैदिक वार, जो सूर्योदय से बदलता है)। मंगलवार या शनिवार कभी नहीं।
  • नक्षत्र: चंद्रमा इन 14 में से किसी में हो — अश्विनी, रोहिणी, मृगशिरा, पुष्य, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, चित्रा, स्वाति, अनुराधा, उत्तराषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, उत्तर भाद्रपदा और रेवती।
  • तिथि: चतुर्थी, नवमी, चतुर्दशी या अमावस्या को छोड़कर कोई भी तिथि, दोनों पक्षों में।
  • मौसम: कोई नियम नहीं — बच्चे का नाम उसी महीने रखा जाता है जिसमें वह जन्मा; केवल अधिक मास वर्जित है, जैसा संदर्भ सूची में भी है। अधिक ज्येष्ठ (अधिक मास) 17 मई 2026 से 15 जून 2026 तक है।
  • कब — मार्गदर्शन, गणना नहीं: नामकरण परंपरा से जन्म के ग्यारहवें या बारहवें दिन होता है, जब दस दिन का सूतक बीतता है। जो परिवार तब नहीं कर पाते, या बाद में करते हैं — तीन महीने या एक साल पर आम है — वे इस सूची से तारीख चुनते हैं।
  • नाम: पहला अक्षर प्रायः जन्म नक्षत्र के चरण से लिया जाता है; बच्चे का नाम खोजने वाला टूल जन्म तारीख और समय से अक्षर बताता है।
  • दिन: सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक, कोलकाता के अनुसार। जिस दिन को कोई वर्जित अवधि ज़रा भी छूती है, वह पूरा दिन छोड़ दिया जाता है; बाकी दिनों में मुहूर्त वह समय है जब ऊपर की सारी शर्तें एक साथ पूरी हों, और कम से कम 20 मिनट चले।
  • जो यहाँ नहीं जाँचा गया: बच्चे की अपनी कुंडली और लग्न। ये पंडित जन्म विवरण से जाँचते हैं।

नामकरण मुहूर्त 2026 — पूरे नियम और साल भर की सूची

महीनेवार नामकरण मुहूर्त 2026

दूसरे शहर का मुहूर्त

दिन सूर्योदय से अगले सूर्योदय तक गिना जाता है, और भारत में सूर्योदय एक घंटे से भी अधिक अंतर रखता है — इसलिए भोर के पास का मुहूर्त दूसरे शहर में अलग तारीख का हो सकता है, और हर समय बदल जाता है।

ये लिंक आपके चुने शहर के लिए सूची फिर से निकालते हैं। ये इसी पेज के रूप हैं: हर एक ऊपर के पते पर canonical रखता है और खोज इंजनों से इसे अनुक्रमित न करने को कहता है।

सामान्य प्रश्न

क्या अक्तूबर 2026 में नामकरण मुहूर्त है?

हाँ, 18 दिन: 1, 2, 4, 5, 8, 11, 12, 14, 18, 19, 21, 22, 23, 25, 26, 28, 29 और 30 अक्तूबर।

गुरुवार, 1 अक्तूबर 2026 को मुहूर्त का समय क्या है?

06:02 – 05:28 (2 अक्तूबर) — कोलकाता के समय अनुसार, रोहिणी नक्षत्र में।

अक्तूबर 2026 के बाद अगला नामकरण मुहूर्त कब है?

रविवार, 1 नवंबर 2026 को।